Ab Tamnna Hui Hai Fir Se Ab Jeene Ki अब तम्मना हुई है फिर से जीने की हमें

Ab Tamnna Hui Hai Fir Se Ab Jeene Ki अब तम्मना हुई है फिर से जीने की हमें

Ham Bhatkte Rahe The Anjaan Raahon Me,
Raat Din Kaat Rahe The Yun Hi Bas Aanhon Me,
Ab Tamnna Hui Hai Fir Se Ab Jeene Ki Hume,
Kuch Baat Hai Sanam Teri In Nigahon Me.


हम भटकते रहे थे अनजान राहों में,
रात दिन काट रहे थे यूँ ही बस आहों में,
अब तम्मना हुई है फिर से जीने की हमें,
कुछ तो बात है सनम तेरी इन निगाहों में।

Yogesh

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